Sunday, April 10, 2022

Russian Timezone



As per the geographical standard previously Russia country has total six types of different time... And now 10 to 11 time zone available in Russia.. see the photo

If you are looking towards the map and moving from east to west, present days Russia is wanted making good situations at Ukrainian people but Ukraine minister Mr zelenski wanted to put NATO in its own country which is not practical way fair for Russia type Asian country who is attached with so many border of European union...

And these all happen with Russia's sixth timeline at Ukrainian border

America never battle on his or it's own countries border places... Always sales weapons to other countries and doing such different things with those odd materials ways from which so many people affected by bad circumstances... Iraq and Iran are the example for that ways what I am understanding and even more, nowadays, Pakistan and Afghanistan is the best example for understanding USA's political policies...

I personally believe that shishupal was not bad but not good at understand the time travel level at such moment when lord Krishna kill him...

See the other special case details from other articles (copy)  in Hindi

**Schrodinger cat experiment in hindi**

मैक्स प्लान्क के बाद कई वैज्ञानिको ने क्वांटम फिजिक्स (quantum physics in hindi) में अपना हाथ आजमाया। यहा तक की आइन्स्टाइन ने भी इसमें हिस्सा लिया था। उन्ही में से एक **Schrodinger** थे।

उनकी थियरी के मुताबिक क्वांटम पार्टिकल अजीब तरह से व्यवहार करते है। जब इन **क्वांटम कणो** (quantum particles) को कोई नही देख रहा होता है तब वो सारी संभावनाओ में एक साथ होते है।

लेकिन जब हम उन्हें देखने जाते है तो वो सारे क्वांटम कण मिलकर कोई एक संभावना को हमारे सामने दिखाते है।

यह थियरी कितनी सच है वो देखने के लिए उन्होंने एक प्रयोग किया। उस प्रयोग को **Schrödinger cat experiment** नाम दिया गया।

इस प्रयोग में उसने एक बिल्ली को एक बॉक्स के अंदर बंद किया और बॉक्स में एक जहरीली बोतल रखी। साथ ही एक रेडिएशन निकलने वाले पदार्थ को हथौड़े से जोड़ा।

यह सब कुछ इस तरह से सेट किया गया था कि जब पदार्थ में से रेडिएशन निकलेगा तो हथौड़ा अपने आप बॉटल से टकरायेगा और जहरीली गैस बॉक्स में फ़ैल जाएगी, जिससे बिल्ली मर जाएगी।

लेकिन यहाँ पर ट्विस्ट यह है कि उस पदार्थ में से रेडिएशन निकलने की संभावना 50% ही थीं। मतलब की बिल्ली के मरने की संभावना भी 50% ही रहेगी।

बिल्ली भी आखिर **क्वांटम पार्टिकल** से मिलकर ही बनी हुई होती है। तो यहाँ पर बिल्ली की दो संभावनाए है।

इसका मतलब कि बिल्ली एक ही समय पर एक साथ ज़िंदा और मृत दोनों है। क्योकि थियरी के मुताबिक क्वांटम पार्टिकल एक साथ सारी संभावना में होते है।

लेकिन जब हम उन्हें देखने जाते है तब वो सारे क्वांटम पार्टिकल मिलकर कोई एक संभावना को हमारे सामने रखते है।

उसी तरह जब तक बॉक्स बंद है तब तक बिल्ली मरी हुई और जिंदा दोनों है, लेकिन जब हम बॉक्स खोलेंगे तो सारी संभावना मिलकर कोई एक हमे दिखाएंगे। या तो बिल्ली जिंदा होगी या मरी हुई।

तो बस यह प्रयोग किया गया था क्वांटम फिजिक्स (**quantum physics in hindi**) को समझने के लिए। क्या आपको जानने का मन कर रहा है कि असल में उस बिल्ली का क्या हुआ।

असल में यह प्रयोग पूरी तरह से दिमाग में किया गया था, बस यह जानने के लिए की वो थियरी कितनी सच है।

लेकिन थियरी का कुछ मतलब नही निकला और यह प्रयोग जिसने किया था उसे quantum physics भेजामारी वाला लगा और वो दूसरी खोज में चल पड़ा।

यह प्रयोग जिस थियरी के लिए किया गया था, उस थियरी को आज नकारा जा रहा है। क्योंकि बिल्ली के मरने की संभावना उस हथौड़े, बॉटल, और पदार्थ सब पर थी।

क्योंकि ऐसा हो सकता है कि उनमे से कुछ चीजे ठीक से काम ना करे। जिससे हम यह कह सकते है कि सिर्फ देखने वाले पर ही बिल्ली का आधार नही रहता। और दूसरी बात ये की बिल्ली खुद यह सब देख रही थी तो क्वांटम कणो को देखने वाला कोई था।

वैसे जब तक किसी भी थियरी को साबित नही किया जाता तब तक उसे नही माना जाता। लेकिन इस थियरी के साथ यह भी माना जाता है कि जब हम बॉक्स खोलते है तो बिल्ली एक ब्रह्मांड में ज़िंदा होगी और दूसरे में मरी हुई।

अगर यह बात सच है तो इससे कई रहस्य सामने आएंगे, खास करके **समांतर ब्रह्मांड** का।

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